संदेश

जिदगीं ना मिलेगी दोबारा

दिलो में तुम अपनी बेताबियां लेकर चल रहे हो तो ज़िंदा हो तुम

दिल आखिर तू क्यों रोता है

दांत संभाल के

रिमझिम गिरे सावन

चवन्नी अब खत्म

कन्या भ्रूद हत्या

अंडे देने वाला मुर्गा

वित्त मंत्री के दफ्तर में सेंध